ताज़ा ख़बर
बड़ी खबर : DPI ने DEO की रिपोर्ट पर प्राचार्य को सस्पेंड करने का दिया निर्देश, निरिक्षण के दौरान उजागर हुई थी कई खामियांगाड़ी से उतरते ही इस मशहूर एक्ट्रेस ने सड़क पर किया जोरदार डांस, Video हुआ वायरलशादी के बाद सुहागरात पर भारतीय कपल्स सबसे पहले करते है ये काम, जानकर आपको भी होगी हैरानीUAPA मामले में 122 लोग बरी, 20 साल पहले हुए थे गिरफ्तारBIG BREAKING : BJP में शामिल हुए मिथुन चक्रवर्ती, ब्रिगेड मैदान पर लहराया पार्टी का झंडाबड़ी खबर : चार जिलों में नाइट कर्फ्यू लागूू, तेजी से बढ़ते संक्रमण के बाद राज्य सरकार ने लिया फैसलाCG BREAKING : तेज रफ्तार पिकअप ने दो महिलाओं को कुचला, मौके पर मौत, एक युवक भी गंभीर रूप से घायलRAIPUR BREAKING : फाइनेंस कंपनियों ने वसूली के लिए अपनाया नया तरीका, कर्जदार को बुलाकर गुर्गों ने कार में तोड़फोड़ कर की बेदम पिटाई, FIR दर्जCG BREAKING : छोटी सी लापरवाही ने ले ली जान, खुला रह गया था स्कूटी का स्टैंड, हादसे में 8 साल के बेटे समेत मां की मौत2021 में NETFLIX पर रहेगी फिल्मों की भरमार, ये फिल्मों पर रहेगी लोगों की नजर, देखिए पूरी लिस्ट

Chamber election: पूर्व मंत्री से 15 साल का बदला 15 दिन में लिए जाने की साजिश

Sanjay sahuFebruary 21, 20211min


 

रायपुर,21 फरवरी 2021। भाजपा के पूर्व मंत्री द्वारा 2018 के विधानसभा चुनाव में भाजपा विरोधी लहर होने के बावजूद चुनाव जीतना पार्टी के एक बड़े तबके को रास नहीं आ रहा है जिसके चलते उसकी साख को बट्टा लगाने पूर्व मंत्री के छोटे भाई को मोहरे के रूप में चुनाव लड़वाया जा रहा है ताकि पूर्व मंत्री से 15 साल का बदला 15 दिनों में लिया जा सके।

विश्वसनीय सूत्रों ने बताया कि सारा कुछ एक सुनियोजित साजिश के तहत किया जा रहा है और पूर्व मंत्री के भाई को चैम्बर चुनाव लड़वाना साजिश का हिस्सा है क्योंकि चैम्बर चुनाव में ऐसे नाज़ुक समय में जब पूरे प्रदेश के व्यापारी वर्ग चैम्बर में दो परिवार के कब्जे के चलते दुखी है एवं परिवर्तन का मन बना चुका है तब 20 मार्च को होने वाले चुनाव में व्यापारियों का सारा गुस्सा इस प्रत्याशी पर फूट सके और चुनाव परिणाम के बाद यह खबर फैलाई जा सके कि पूर्व मंत्री अपने छोटे भाई को चुनाव नहीं जीता पाया ताकि 2023 के विधानसभा चुनाव में पूर्व मंत्री को इसका भुगतान भुगतना पड़े।

सूत्रों ने यह भी बताया कि व्यापारी एकता पैनल का अध्यक्ष वैसे भी पूर्व मंत्री के विरोधी गुट का माना जाता है एवं जब एकता पैनल के अध्यक्ष की नियुक्ति 4 माह पूर्व जिला अध्यक्ष के रूप में हुई थी तब इस पूर्व मंत्री ने इनसे दूरी बनाते हुए अपने विधानसभा के चारों मंडल के कार्यकर्ताओं को नवनियुक्त जिला अध्यक्ष के स्वागत करने से मना कर दिया था। इसलिए उक्त अध्यक्ष द्वारा पूर्व मंत्री के छोटे भाई को चुनाव में उतार कर एक तीर से कई निशाना साधा जा रहा है।


About us

हम निर्भीक हैं, निष्पक्ष हैं व सच की लड़ाई लड़ने के लिए आपके साथ हैं…


CONTACT US

CALL US ANYTIME



Latest posts


Categories